जगदलपुर में सरेंडर कर चुके माओवादियों के लिए विशेष मेडिकल कैंप, मुफ्त में हो रही नसबंदी रिवर्स सर्जरी
परिवार बसाने की चाह रखने वालों को मिल रही नई उम्मीद
छत्तीसगढ़ के बस्तर संभाग मुख्यालय जगदलपुर में सरेंडर कर चुके माओवादियों के लिए एक अनोखी मानवीय पहल शुरू की गई है। यहां ऐसे पूर्व माओवादियों के लिए विशेष मेडिकल कैंप लगाया गया है, जो अब सामान्य जीवन जीते हुए परिवार बसाना चाहते हैं। इस कैंप में उनकी वेसक्टॉमी (नसबंदी) रिवर्स करने की सर्जरी पूरी तरह निशुल्क की जा रही है।
विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम कर रही है ऑपरेशन
यह सर्जरी यूरोलॉजिकल सोसाइटी ऑफ इंडिया से जुड़े विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम द्वारा की जा रही है। सोसाइटी के कोषाध्यक्ष और वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. सुशील राठी ने बताया कि यह पहल एक चैरिटेबल मेडिकल कार्यक्रम के तहत संचालित की जा रही है। शिविर का आयोजन जगदलपुर के महारानी अस्पताल में किया गया है।
मुख्यधारा से जोड़ने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम
डॉ. राठी के अनुसार, इस अभियान का उद्देश्य सरेंडर कर चुके माओवादियों को समाज की मुख्यधारा से जोड़ना और उन्हें सामान्य पारिवारिक जीवन जीने का अवसर प्रदान करना है। उन्होंने बताया कि मेडिकल कैंप दो चरणों में आयोजित किया जा रहा है। पहला चरण 30 और 31 मई को पूरा हो चुका है, जबकि दूसरा चरण 13 और 14 जून को आयोजित होगा।
60 से अधिक सर्जरी का लक्ष्य, 32 ऑपरेशन सफल
कैंप के दौरान 60 से 65 मरीजों की सर्जरी करने का लक्ष्य रखा गया है। अब तक करीब 32 मरीजों की सफल सर्जरी की जा चुकी है। डॉक्टरों के अनुसार सभी ऑपरेशन सुरक्षित और सफल रहे हैं।
निजी अस्पतालों में लाखों का खर्च, यहां पूरी तरह मुफ्त सुविधा
डॉ. राठी ने बताया कि रिवर्स वेसक्टॉमी जैसी सर्जरी निजी अस्पतालों में कराने पर मरीजों को लगभग 1 से 1.5 लाख रुपये तक खर्च करने पड़ते हैं। लेकिन इस विशेष कैंप में ऑपरेशन, चिकित्सा सुविधाएं और आवश्यक देखभाल सहित पूरी प्रक्रिया निशुल्क उपलब्ध कराई जा रही है।
संगठन में जबरन कराई जाती थी नसबंदी
गौरतलब है कि पिछले कुछ वर्षों में बड़ी संख्या में माओवादियों ने सरकार के समक्ष आत्मसमर्पण किया है। जानकारी के अनुसार, माओवादी संगठन में शामिल होने वाले कई सदस्यों की जबरन नसबंदी कराई जाती थी। अब आत्मसमर्पण के बाद जब ये लोग सामान्य जीवन और परिवार की ओर लौटना चाहते हैं, तो सरकार और चिकित्सा विशेषज्ञ उनकी इस इच्छा को पूरा करने में सहयोग कर रहे हैं।
