व्यापार

Share Market Today: सेंसेक्स में 930 अंकों की तेजी, IT शेयरों की खरीदारी से बाजार को सहारा

भारतीय शेयर बाजार में 15 अक्टूबर को सेंसेक्स 930 अंक से ज्यादा चढ़ा। आईटी शेयरों में खरीदारी, कच्चे तेल में नरमी और रुपये की मजबूती से बाजार को सहारा मिला।

Indian Stock Market Today : भारतीय शेयर बाजार में 15 अक्टूबर को जोरदार तेजी देखने को मिली। कारोबार की शुरुआत के बाद सेंसेक्स 930 अंक से ज्यादा चढ़ गया, जबकि निफ्टी भी 22,900 के करीब पहुंच गया। कच्चे तेल की कीमतों में नरमी, रुपये की मजबूती और आईटी शेयरों में खरीदारी ने बाजार को सहारा दिया। हालांकि, मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में कमजोरी बनी रही, जिससे बाजार की तेजी सभी सेक्टरों में एक जैसी नहीं रही।

सेंसेक्स और निफ्टी में मजबूत उछाल

सुबह करीब 10:09 बजे सेंसेक्स 871.57 अंक यानी 1.20 प्रतिशत की बढ़त के साथ 73,653.46 के स्तर पर कारोबार कर रहा था। वहीं, निफ्टी 250.05 अंक यानी 1.11 प्रतिशत चढ़कर 22,873.25 पर पहुंच गया।

कारोबार के दौरान सेंसेक्स ने 73,712.56 और निफ्टी ने 22,891.90 का इंट्रा-डे स्तर छुआ। हाल के उतार-चढ़ाव के बीच प्रमुख सूचकांकों की इस तेजी से निवेशकों को राहत मिली।

कच्चे तेल में गिरावट से बाजार को फायदा

कच्चे तेल की कीमतों में नरमी को बाजार की तेजी की प्रमुख वजहों में गिना जा रहा है। उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, ब्रेंट क्रूड का भाव करीब 104 डॉलर प्रति बैरल तक आ गया। भारत अपनी जरूरत का बड़ा हिस्सा आयात करता है, इसलिए तेल सस्ता होने से आयात बिल और महंगाई के दबाव में राहत की उम्मीद बढ़ती है। इसी संभावना ने बाजार की धारणा को मजबूती दी।

IT शेयरों में खरीदारी से बढ़ी रफ्तार

आईटी शेयरों में मजबूत खरीदारी ने घरेलू बाजार को सहारा दिया। कारोबार के दौरान निफ्टी आईटी इंडेक्स में 2 प्रतिशत से अधिक की तेजी दर्ज की गई। निजी बैंकिंग शेयरों में भी मजबूती रही और निफ्टी प्राइवेट बैंक इंडेक्स 1 प्रतिशत से ज्यादा चढ़ा।

इसके उलट, सरकारी बैंकिंग शेयर दबाव में रहे। निफ्टी पीएसयू बैंक इंडेक्स में 2 प्रतिशत से अधिक की गिरावट दर्ज की गई। इससे साफ रहा कि बाजार में तेजी के बावजूद अलग-अलग सेक्टरों का प्रदर्शन मिला-जुला रहा।

मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में दबाव

बड़े शेयरों में खरीदारी के बीच मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में कमजोरी देखने को मिली। निफ्टी मिडकैप 100 करीब आधा प्रतिशत नीचे रहा, जबकि निफ्टी स्मॉलकैप 100 में लगभग 1 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई। यानी प्रमुख सूचकांकों की तेजी का फायदा बाजार के सभी शेयरों को नहीं मिला।

रुपये की मजबूती से भी मिला सहारा

डॉलर के मुकाबले भारतीय रुपये में 24 पैसे की मजबूती दर्ज की गई और यह 94.92 प्रति डॉलर के स्तर पर कारोबार करता दिखा। रुपये की मजबूती से आयात लागत और विदेशी निवेशकों की धारणा पर सकारात्मक असर पड़ सकता है। हालांकि, बाजार की आगे की दिशा वैश्विक संकेतों, कच्चे तेल की कीमतों और निवेशकों की खरीद-बिक्री पर निर्भर करेगी।

Related Articles

Back to top button